कोई कमी देने में नहीं की,
भर दिए सब भंडार
कैसे भुला पाऊंगा बाबा,
मैं तेरा ये उपकार
इतना खजाना तेरा सेवक,
बाबा कहाँ रखेगा
कितना देगा श्याम
और मुझे कितना देगा
एक गाड़ी मांगी थी लेकिन
तूने दे दी चार
दो-दो कोठी बंगलों का मैं
हो गया हूँ हकदार
तेरी दया से स्विस बैंक में
भी अब खाता खुलेगा
कितना देगा श्याम
और मुझे कितना देगा
मिट्टी को छूता हूँ वो भी
बन जाती है सोना
खुशियों की खुशबू से महके
घर का कोना-कोना
लगता है खुशियों का सिलसिला
अब ये नहीं रुकेगा
कितना देगा श्याम
और मुझे कितना देगा
तेरी कृपा से ही शर्मा के
जीवन में हुई है मौज
आनंद में रहता हूँ हर पल,
ना चिंता ना शोक
तेरी कृपा से सैनी के
जीवन में हुई है मौज
आनंद में रहता हूँ हर पल,
ना चिंता ना शोक
मेरा सितारा अंबर से भी
ऊँचा अब चमकेगा
कितना देगा श्याम
और मुझे कितना देगा
इतना खजाना तेरा सेवक
बाबा कहाँ रखेगा
कितना देगा श्याम
और मुझे कितना देगा
Credit Details :
Song - Baba Bhar Diye Sab Bhandar
Singer - Naresh Saini
Music - Raj Malkania
Lyrics - Anil Sharma
अगर आपको यह भजन अच्छा लगा हो तो कृपया इसे अन्य लोगो तक साझा करें।










